Live show “Awakening of Kumbhakaran”

स्प्रीच्युअल कार्निवाल का आयोजन चंडीगढ सेक्टर-46 सी सेवाकेंद्र द्वारा आयोजित किया गया। 4 दिन के लगे इस मेले का शुभारंभ पहले दिन मुख्य अतिथि पंजाब और हरियाणा हाई कोर्ट के जज़ आर. एस. मलिक, सेक्टर-33 ए सेवाकेंद्र प्रभारी बी.के. उत्तरा, फरीदकोट सेवाकेंद्र प्रभारी बी.के. प्रेमलता, सेक्टर-44सी की प्रभारी बी.के. कविता समेत सेवाकेंद्रों की कई वरिष्ठ बहनों ने कैंडल लाइटिंग कर किया। इसके साथ ही मंच पर उपस्थित लोगो ने अपने अपने विचार व्यक्त किए।
मेले में लगी सुंदर झांकियों का जज़ आर. एस. मलिक ने अवलोकन किया। जहां उन्होंने 5 युगों के विषय में जानकारी प्राप्त की। एवं संस्था की स्थापना से लेकर अभी तक की गतिविधियों को देखते हुए एवं उनसे प्रेरित होकर मेडिटेशन भी किया।
वहीं मेले के दूसरे दिन पार्षद गुरूप्रीत सिंह ढिल्लो, अखिल भारतीय प्रवासी संगठन के प्रधान अविनाश शर्मा एवं बी.के. पूनम ने कैंडल लाइटिंग की जहां अतिथियों ने ब्रह्माकुमारीज़ से ये आग्रह किया कि वह प्रतिवर्ष इस प्रकार के मेलो का आयोजन करते रहे।
अब आपको बताते है..कि मेले में क्या क्या मुख्य आकर्षण का केंद्र बने… इसमें सबसे पहले बच्चों के लिए मूल्य आधारित खेलों का आयोजन किया गया। जिसमें बच्चों को पर्यावरण की सुरक्षा के प्रति रूझान पैदा करने के दृष्टिगत पौधे बांटे गए। इसके साथ ही विज्ञान एवं आध्यात्मिक स्टॉल पर लोगों ने बड़ी उत्सुकता के साथ इसका अवलोकन किया। मेले में नवरात्रों के समापन एवं दशहरा के अवसर पर नौ देवियों की झांकियां कुंभकर्ण रूपी मानव को जगाने का लाइव शो दिखाया गया। ऐसे ही मेले के मुख्य द्वार पर बनाए गए स्वागत कक्ष में स्वागत कक्ष में संस्था की स्थापना से लेकर आजतक की गतिविधियों को बखुबी रूप से दर्शाया गया तथा संस्था के संस्थापक प्रजापिता ब्रह्मा बाबा की यादगार शांति स्तंभ को भी सुशोभित किया गया। अभी आपको ओर आगे लेकर चलते है….विद्यार्थियों एवं परिवारों की दैनिक समस्याओं के निवारण हेतु एक परामर्श-कक्ष भी मेले में बनाया गया…सुंदर स्वर्णिम दुनिया यानी स्वर्ग की एक सुंदर झलक भी यहां देखने को मिली….संस्था द्वारा दिए जा रहे आत्मा, परमात्मा व सृष्टि चक्र के ज्ञान को भी नई प्रणाली द्वारा मेले में आए लोगों को दर्शाया गया। आपको बता दे, इन स्टॉलों पर चार दिनों में असंख्य लोगों ने इसे देखकर संतुष्टता का अनुभव व स्वयं को परिवर्तन करने का संकल्प किया।

GWS Peace News

Learn More →

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *